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शनिवार, 17 सितंबर 2011

नम्बर का चक्कर


नम्बर का चक्कर

 जन्म  तो  ले  लिया, पहचान मिली नम्बर से
नाम अभी मिला नहीं, जाने गए शिशु-नम्बर से|
यदि प्रथम सन्तान है तो कहे गए पहली
फिर  दूसरी,  तीसरी, चौथी  या  पाँचवीं|

हम  नाम  नहीं, एक नम्बर हैं
स्कूल  में  रौल नम्बर हैं
बोर्ड  में  रजिस्ट्रेशन नम्बर  हैं
डाक्टर के पेशेंट नम्बर हैं
हास्पीटल  में  बेड का नम्बर हैं
दूर में  मोबाइल नम्बर हैं
आफिस  में  एम्पलाई नम्बर हैं
गैरेज में  गाड़ी नम्बर हैं
पोस्टआफिस में मकान नम्बर हैं
बैंक में पासबुक नम्बर हैं
गैस-कनेक्शन में ग्राहक नम्बर हैं
रसोई में राशनकार्ड नम्बर हैं
खरीदारी में क्रेडिट कार्ड नम्बर हैं
बिज़नेस में पैन नम्बर हैं
देश  में  वोटर  नम्बर हैं;
विदेश  में  पासपोर्ट  नम्बर  हैं|

नम्बरों  की  भीड़  में  घिरा  है आदमी|
खो गया नम्बर अगर,तो खोया है आदमी||
                ऋता शेखर मधु